1 से 3 नवंबर तक सजेगा प्रयागराज सोरांव महोत्सव का भव्य मंच, मनोज तिवारी, रवि किशन, निरहुआ और तृप्ति शाक्य होंगे प्रमुख आकर्षण, 101 जोड़ों का होगा सामूहिक विवाह

प्रयागराज। लोक संस्कृति, कला, संगीत और भारतीय परंपराओं के विविध रंगों को एक मंच पर प्रस्तुत करने के उद्देश्य से तीन दिवसीय ‘प्रयागराज सोरांव महोत्सव’ का आयोजन 1 से 3 नवंबर, 2026 तक मेवा लाल ग्राउंड, सोरांव में किया जाएगा। जिला प्रशासन, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग तथा द्वारिका प्रसाद हीरावती ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित होने वाले इस महोत्सव में क्षेत्रीय प्रतिभाओं के साथ-साथ राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के कलाकारों की प्रस्तुतियाँ मुख्य आकर्षण का केंद्र रहेंगी। मंगलवार को भाजपा कार्यालय गंगापार में प्रेस वार्ता कर भाजपा जिलाध्यक्ष निर्मला पासवान तथा सुरेन्द्र चौधरी ने यह जानकारी देते हुए बताया कि
महोत्सव का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य करेंगे। इस वर्ष महोत्सव के दौरान 101 जोड़ों का सामूहिक विवाह भी संपन्न कराया जाएगा।
दिग्गज कलाकारों की जमेगी महफिल
महोत्सव के संयोजक एवं विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) डॉ. सुरेन्द्र चौधरी के मार्गदर्शन में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में मनोज तिवारी, रवि किशन, दिनेश लाल यादव ‘निरहुआ’, तृप्ति शाक्य और ईशान मिश्रा सहित कई सेलिब्रिटी कलाकार अपनी शानदार प्रस्तुतियाँ देंगे। इसके अलावा कालबेलिया, बिहू, ओडिसी, कथक और हरियाणवी लोककलाओं सहित देश के विभिन्न राज्यों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से भारत की समृद्ध लोक एवं शास्त्रीय परंपराओं की झलक देखने को मिलेगी।
प्रतिदिन दो सत्रों में होंगे कार्यक्रम
प्रथम सत्र (अपराह्न 2 बजे से सायं 5 बजे तक): इसमें क्षेत्रीय कलाकारों और स्थानीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने का अवसर मिलेगा।
द्वितीय सत्र (सायं 5 बजे से): इसमें राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कलाकारों की प्रस्तुतियाँ होंगी।
महोत्सव स्थल पर विभिन्न विषयों पर संगोष्ठियाँ, सरकारी विभागों की प्रदर्शनी, हस्तशिल्प स्टॉल और बच्चों के मनोरंजन के लिए विशेष ‘किड्स जोन’ भी बनाया जाएगा।
सांस्कृतिक पहचान को मिलेगी नई मजबूती
भाजपा जिलाध्यक्ष गंगापार निर्मला पासवान ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य क्षेत्रीय प्रतिभाओं को मंच देने के साथ-साथ हमारी सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देना है।

