योगी कैबिनेट का बड़ा फैसला: बुनकरों के आर्थिक उत्थान के लिए ‘मुख्यमंत्री हथकरघा बुनकर समृद्धि योजना’ को मिली मंजूरी
योगी कैबिनेट का बड़ा फैसला: बुनकरों के आर्थिक उत्थान के लिए ‘मुख्यमंत्री हथकरघा बुनकर समृद्धि योजना’ को मिली मंजूरी

150 हथकरघा क्लस्टरों को मिलेगा लाभ, 388 करोड़ रुपये खर्च कर बुनकरों को बनाया जाएगा आत्मनिर्भर
लखनऊ, 25 अगस्त 2026। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को आयोजित कैबिनेट बैठक में राज्य के बुनकरों के आर्थिक उत्थान और स्वावलंबन के लिए एक बड़ा निर्णय लिया गया है। मंत्रिमंडल की बैठक में ‘मुख्यमंत्री हथकरघा बुनकर समृद्धि योजना’ के विस्तृत दिशा-निर्देशों को औपचारिक अनुमोदन प्रदान कर दिया गया।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के हथकरघा बुनकरों के उत्पादों को विश्वस्तरीय बनाना और उन्हें वैश्विक बाजार से जोड़कर उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि करना है।
योजना की प्रमुख विशेषताएं –
समूह एवं क्लस्टर गठन: योजना के तहत हथकरघा बुनकरों को 25 या उससे अधिक व्यक्तियों के समूहों में गठित कर क्लस्टर बनाए जाएंगे।
वित्तीय सहायता: एक हथकरघा क्लस्टर को 3 वर्षों में विभिन्न मदों के अंतर्गत अधिकतम ₹2.5 करोड़ तक की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
योजना की अवधि और बजट: अगले 5 वर्षों में प्रदेश के लगभग 150 हथकरघा बुनकर क्लस्टरों को लाभान्वित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिस पर अनुमानित ₹388 करोड़ का व्यय होगा।
सहायता के प्रमुख मद: वित्तीय सहायता मुख्य रूप से हथकरघा एवं सहवर्ती उपकरणों की आपूर्ति, कार्यशाला निर्माण, डिजाइन विकास, मास्टर वीवर व बुनकरों के प्रशिक्षण, उत्पाद विकास, एक्सपोजर विजिट और वस्त्रों के प्रचार-प्रसार के लिए दी जाएगी।
बाजार और ब्रांडिंग: बुनकरों को आधुनिक डिजाइनरों की सेवाएं, उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और इंफ्रास्ट्रक्चर की सुविधा मिलेगी। साथ ही, उनके तैयार उत्पादों की देश और विदेश के बाजारों में पहुंच सुनिश्चित करने के लिए उन्हें बाइंग व सोर्सिंग हाउसेस से जोड़ा जाएगा।
एग्जिट स्ट्रैटेजी: क्लस्टर को 3 वर्षों तक पूर्ण वित्तीय सहायता देने के बाद अगले 2 वर्षों में चरणबद्ध तरीके से आत्मनिर्भर बनाने की व्यवस्था की गई है।
कैबिनेट के इस फैसले से प्रदेश के पारंपरिक बुनकारी उद्योग को नया जीवन मिलेगा और हजारों परिवारों को रोजगार तथा बेहतर आय के अवसर प्राप्त होंगे।

